पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
  पहला पन्ना >मुद्दा >अर्थ-बेअर्थ Print | Share This  

जालंधर जमीन घोटाले को मुद्दा बनाएगी कांग्रेस

जालंधर जमीन घोटाले को मुद्दा बनाएगी कांग्रेस

जालंधर. 7 नवंबर 2011

पंजाब में भाजपा और अकाली दल को करोड़ों की जमीन कौड़ियों के मोल आवंटित करने का मामला सामने आया है. कांग्रेस ने कहा है कि वह आने वाले विधानसभा चुनाव में इसे मुद्दा बनाएगी. पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने पूरे मामले की सीबीआई से जांच की भी बात कही है.

श्री श्री रविशंकर


गौरतलब है कि कुछ ही दिन पहले जालंधर में आयोजित कांग्रेस की रैली फ्लाप होने के बाद से अमरिंदर सिंह लगातार मुद्दे की तलाश में थे. इससे पहले उन्होंने अकालियों पर आरोप लगाया था कि अकाली महाचोर हैं. उन्होंने कहा था कि इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है, जब दरबार साहिब के बजट में 24 करोड़ रुपये का घाटा हुआ है. अब जालंधर के जमीन घोटाले से पार्टी को बैठे-बिठाए मुद्दा मिल गया है.

खबरों के अनुसार जालंधर अमृतसर नेशनल हाइवे पर सूर्या एन्क्लेव की 18 हजार स्कवायर फीट की व्यावसायिक जमीन को सरकार ने भारतीय जनता पार्टी को अपना कार्यालय बनाने के लिये केवल 55 लाख रुपये में दे दिया. जबकि आज की तारीख में इस जमीन की कीमत लगभग 19 करोड़ रुपये है.

इसी तरह जालंधर के ही शहीद भगत सिंह नगर में गरीबों के लिये मकान बनाने की योजना को रद्द कर उसकी जमीन अकाली दल को दे दी गई. अकाली दल को केवल 22 लाख रुपये में पूरी जमीन दे दी गई.

जालंधर इंप्रूवमेंट ट्रस्ट के चेयरमैन बलजीत सिंह नीलमेहल का कहना है कि उन्होंने सरकारी आदेश मिलने के बाद ही भाजपा और अकाली दल को जमीने आवंटित की है. उन्होंने माना कि दोनों ही पार्टियों को बाजार से कम कीमत पर जमीने दी गई हैं लेकिन इसका फैसला जालंधर इंप्रूवमेंट ट्रस्ट के बजाये राज्य सरकार ने लिया था.

कांग्रेस ने कहा है कि जमीनों के आवंटन से साबित हो गया है कि सरकार पूरी तरह से भ्रष्टाचार में डूबी हुई है. पार्टी नेता अमरिंदर सिंह ने कहा है कि अगले साल होने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव में कांग्रेस जमीनों की इस बंदरबांट को भी मुख्य मुद्दा बनाएगी.


इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   


 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in