पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
  पहला पन्ना >राजनीति >दिल्ली Print | Share This  

सोनिया गांधी और मनमोहन माफी मांगे- गडकरी

सोनिया गांधी और मनमोहन माफी मांगे- गडकरी

भोपाल. 18 नवंबर 2011

नितिन गडकरी


नोट के बदले वोट मामले में भाजपा सदस्यों की गिरफ्तारी के मुद्दे पर भाजपा अध्यक्ष नितिन गडकरी ने कहा है कि मनमोहन सिंह और सोनिया गांधी को इस मामले में भाजपा से माफी मांगनी चाहिये. उन्होंने कहा कि नोट के बदले वोट मामले में भाजपा के सदस्यों पर कोई मुकदमा नहीं बनता लेकिन इस मामले में भाजपा सांसद फग्गनसिंह कुलस्ते, अशोक अर्गल, पूर्व सांसद महावीर भगोरा और सुधींद्र कुलकर्णी को फंसाया गया.

गौरतलब है कि नोट के बदले वोट का मामला 22 जुलाई 2008 का है, जब अमरीका से परमाणु समझौते के विरोध में यूपीए सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव आया था. महावीर भगोरा, कुलस्ते और अर्गल ने लोकसभा में नोट के बंडल लहराते हुए आरोप लगाया था कि अमर सिंह ने उनके यहां पैसे भिजवाए ताकि वे अविश्वास प्रस्ताव के विरोध में डाल दें. इस घटना के कारण संसद में भारी हंगामा हुआ था. इस मामले में भाजपा के सलाहकार रहे सुधींद्र कुलकर्णी, दो पूर्व सांसदों-महावीर सिंह भगोरा और फग्गन सिंह कुलस्ते, सांसद अशोक अर्गल, संजीव सक्सेना, सोहेल हिंदुस्तानी और अमर सिंह को गिरफ्तार किया गया था. इन सब को हाल ही में जमानत मिली है.

शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत में भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि यह मामला ऐसा था ही नहीं कि भाजपा से जुड़े लोगों पर कोई मुकदमा दायर किया जाये लेकिन ऐसा किया गया. गडकरी ने कहा कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को यह बताना चाहिये कि किसके कहने पर यह कार्रवाई की गई. गडकरी ने पूरे मुद्दे पर आंदोलन करने और मामले को संसद में उठाने की बात भी कही.

उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री मायावती द्वारा उत्तर प्रदेश को चार छोटे राज्यों में बांटने संबंधी बयान पर गडकरी ने कहा कि मायावती ने अपनी राजनीतिक मौत से बचने के लिये यह कदम उठाया है और भाजपा इस पूरे मामले का गंभीरता से अध्ययन कर रही है.


इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   


 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in