पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
 पहला पन्ना > बहस > दिल्ली Print | Send to Friend 

आतंकवाद से निपटने के लिए नया कानून

आतंकवाद से निपटने नया कानून

नई दिल्ली. 17 सितंबर 2008


केंद्र सरकार द्वारा विरप्पा मोइली की अध्यक्षता में बनाई गई दूसरे प्रशासनिक सुधार आयोग (एआरसी) ने कहा है कि आतंकवाद से निपटने में वर्तमान कानून सक्षम नहीं हैं और इससे निपटने के लिए नए और प्रभावी कानून की जरुरत है.

दिल्ली में हाल ही में हुए बम धमाकों के बाद भारतीय जनता पार्टी ने कहा था कि अगर उनकी सरकार बनती है तो 100 दिन के भीतर उनकी सरकार फिर से पोटा लागू करेगी. ज्ञात रहे कि देश भर में पोटा के भारी दुरुपयोग के बाद इस कानून को खत्म कर दिया गया था. माना जा रहा है कि वीरप्पा मोइली द्वारा पेश की गई रिपोर्ट भाजपा के बयान का जवाब है.

दिल्ली में एआरसी की रिपोर्ट जारी करते हुए वीरप्पा मोइली ने हालांकि साफ तौर पर कहा कि आतंकवाद को रोकने के लिए अलग से कोई कानून नहीं बनाया जाएगा. आयोग की राय है कि मौजूदा राष्ट्रीय सुरक्षा क़ानून 1980 (रासुका) में ही आतंकवाद के मुद्दे पर अलग से एक अध्याय जोड़ दिया जाए.

मोइली ने यह भी कहा कि इस कानून के दुरुपयोग को रोकने के लिए भी प्रभावी नियम-कानून बनाए जाएंगे.उन्होंने कहा कि भाजपा द्वारा पोटा लागू करने की बात कहना सही नहीं है क्योंकि इस कानून का देश में बहुत दुरुपयोग हुआ है.


इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   

 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in