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जरदारी इस्तीफे के लिये तैयार

जरदारी इस्तीफे के लिये तैयार

इस्लामाबाद. 11 जनवरी 2012

आसिफ अली जरदारी


दो दिन पहले ही अपना कार्यकाल पूरा करने का दावा करने वाले पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने जल्दी ही इस्तीफा देने के संकेत दिये हैं. अपने सहयोगियों से जरदारी ने कहा है कि इससे पहले कि उच्चतम न्यायालय कोई और आदेश दे, वे अपना पद छोड़ देना चाहते हैं. मंगलवार को एनआरओ के मुद्दे पर पाकिस्तानी उच्चतम न्यायालय की फटकार के बाद माना जा रहा है कि नेशनस असेंबली की 12 जनवरी को बुलाई गई विशेष सत्र में जरदारी के इस्तीफे पर विचार किया जा सकता है.

गौरतलब है कि हाल ही में उनके बीमार होने के बाद से उनके पद छोड़ने पर अटकलें लग रही थीं. कहा जा रहा था कि अमरीका के साथ खराब होते संबंध और देश भर में चौतरफा विरोधों के बाद जरदारी को पहले से ही राष्ट्रपति पद पर बने रहने में खतरा नजर आने लगा था. एक अमरीकी पत्रिका ने दावा किया था कि मेमोगेट स्कैंडल के साथ-साथ जरदारी देश में कट्टरपंथियों के निशाने पर पहले से ही हैं. उपर से नाटो हमले के बाद सेना में भी उनके खिलाफ सुगबुगाहट हो रही है. ऐसे में वे अपने पद से इस्तीफा दे सकते हैं.

लेकिन इसी सप्ताह एक टेलीविज़न साक्षात्कार में आसिफ अली जरदारी ने कहा था कि अभी तक किसी ने उन्हें इस्तीफा देने के लिये नहीं कहा है. अगर कोई कहता है तो वे इसे जरुर बताएंगे.

अब मंगलवार को जब पाकिस्तान की उच्चतम न्यायालय ने राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी के भ्रष्टाचार संबंधी मामले की सुनवाई करते हुये प्रधानमंत्री गिलानी पर टिप्पणी की तो जरदारी के लिये यह खतरे की घंटी की तरह था.

आसिफ अली जरदारी मंगलवार शाम को कराची से इस्लामाबाद पहुंचे और प्रधानमंत्री यूसुफ रज़ा गिलानी से भेंट की. इसके बाद यूसुफ रज़ा गिलानी और आसिफ अली जरदारी ने सहयोगी दलों की बैठक बुलाई. जहां जरदारी ने अपने सहयोगियों से बातचीत के बाद अपना पद छोड़ने की पेशकश की. उन्होंने कहा कि सहयोगी जब चाहें, वे कुर्सी छोड़ कर चुनाव कराने के लिये तैयार हैं.


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