पहला पन्ना >राजनीति >कर्नाटक Print | Share This  

विधानसभा में ब्लू फिल्म देखने वाले मंत्रियों पर प्रतिबंध

ब्लू फिल्म देखने वाले मंत्रियों पर विधानसभा में प्रतिबंध

बेंगलुरु. 9 फरवरी 2012

ब्लू फिल्म


विधानसभा की कार्रवाई के दौरान ब्लू फिल्म देखने वाले कर्नाटक के तीनों मंत्रियों के इस्तीफे के बाद विधानसभा अध्यक्ष ने इन तीनों के विधानसभा में प्रवेश पर रोक लगा दिया है. बुधवार को सदन की कार्रवाई शुरु होते ही राज्य के मुख्यमंत्री डी.वी. सदानंद गौड़ा ने लक्ष्मण सावदी, सीसी पाटिल और कृष्णा पालेमर के मंत्री पद से इस्तीफे के बारे में सदन को बताया. लेकिन इन मंत्रियों के इस्तीफे के बाद भी इनके खिलाफ शुरु हुआ विवाद कम नहीं हो रहा. विधानसभा में भी कांग्रेसी विधायक सिद्धारमैया ने इन तीनों मंत्रियों के निलंबन की मांग की. हालांकि उनकी इस मांग को तकनीकि आधार पर खारिज कर दिया गया.

गौरतलब है कि मंगलवार को कर्नाटक विधानसभा में सदन की कार्रवाई के दौरान राज्य के सहकारिता मंत्री लक्ष्मण सवाडी और महिला व बाल कल्याण मंत्री सीसी पाटिल को पोर्न फिल्म देखते हुये पकड़ा गया था. दोनों मंत्री उस दौरान पोर्न फिल्म देख रहे थे, जब विधानसभा में बीजापुर जिले में पाकिस्तानी झंडा फहराने को लेकर हंगामेदार बहस चल रही थी. उन्हें यह फिल्म एक तीसरे मंत्री कृष्णा पालेमर ने अपने मोबाइल से फारवर्ड की थी.

कुछ टीवी चैनलों ने दोनों मंत्रियों को विधानसभा की कार्रवाई के दौरान पोर्न फिल्म देखते हुये पकड़े जाने के बाद उसके क्लिप का भी प्रसारण किया. इसके बाद से राजनीतिक गलियारे में हंगामा मचा हुआ है. भाजपा पूरे मामले को लेकर शर्मिंदगी झेल रही है. उधर विपक्षी पार्टी कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को इस मुद्दे को लेकर सहकारिता मंत्री लक्ष्मण सवाडी के घर जोरदार प्रदर्शन किया. कांग्रेस की मांग थी कि दोनों मंत्रियों को इस मामले के लिये बर्खास्त कर उन्हें गिरफ्तार किया जाये. एक ओर विपक्ष ने जहां ऐसे मंत्रियों को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त करने की मांग की है. इधर विधानसभा अध्यक्ष के जी बोपैय्या ने पूरे मामले की जांच के आदेश दिये.

बुधवार की सुबह तक सहकारिता मंत्री लक्ष्मण सवाडी सफाई देते रहे कि वे मंगलोर में रेव पार्टी की एक क्लिप देख रहे थे और लगाया गया आरोप पूरी तरह से झूठा है. उन्होंने विपक्ष द्वारा इस्तीफे की मांग पर टिप्पणी करते हुये कहा कि उन्होंने ऐसा कुछ नहीं किया है, जिसके लिये इस्तीफा देने की जरुरत हो. इधर मंत्री द्वारा इस्तीफे से इंकार के बाद शर्मिंदगी झेल रही भाजपा में इस बात पर चर्चा चल रही थी कि क्यों नहीं इन मंत्रियों को बर्खास्त कर दिया जाये. लेकिन बुधवार को जैसे ही सूरज आसमान पर चढ़ा, तीनों मंत्रियों लक्ष्मण सावदी, सीसी पाटिल और कृष्णा पालेमर ने इस्तीफे की पेशकश की, जिसे राज्यपाल ने तुरंत स्वीकार कर लिया.