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इसलिये हुई शेहला मसूद की हत्या

इसलिये हुई शेहला मसूद की हत्या

भोपाल. 2 मार्च 2012

शेहला मसूद


आरटीआई एक्टिविस्ट शेहला मसूद हत्याकांड में भाजपा विधायक ध्रुव नारायण सिंह का नाम जोर-शोर से सामने आया है. इधर मुख्य आरोपी जाहिदा परवेज की सहेली सबा फारूखी को भी सीबीआई ने गिरफ्तार किया है. इसके अलावा पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल की गई चौकी इमामबाड़ा इलाके के एक कुएं से लाल रंग की डिस्कवर मोटरसाइकिल भी बरामद करने का दावा किया है.

सीबीआई ने जाहिदा के कार्यालय से डायरी और एक हार्डडिस्क बरामद करने का भी दावा किया है. हालांकि यह बात अब तक स्पष्ट नहीं हो सकी है कि डायरी से सीबीआई को कौन सी जानकारी हासिल हुई है या कंप्यूटर की हार्ड डिस्क से सीबीआई को क्या पता चला है.

कुछ मीडियाकर्मियों ने दावा किया है कि सीबीआई के मुताबिक मुख्य आरोपी जाहिदा परवेज को शहला और बीजेपी विधायक ध्रुव नारायण सिंह के रिश्तों को लेकर शक था. यही नहीं जाहिदा को शक था कि ध्रुव के और भी महिलाओं से रिश्ते हैं लेकिन चूंकि वो ध्रुप को शहला के ज्यादा करीब पाती थी इसलिए आरोप है कि उसने भाड़े के हत्यारों को बुलाकर शहला का कत्ल करवा दिया.

यही नहीं, जाहिदा ने अपनी डायरी में अपने और ध्रुव के बीच के प्रेम संबंधों का भी खुलासा किया है. एक जगह उसने लिखा है कि ध्रुव ने मुझसे तीन दिन से बात नहीं की लेकिन शहला से आधे घंटे बात की. डायरी में शहला की मौत का जश्न मनाने तक की बात दर्ज है. इस डायरी के जरिए सीबीआई इस हत्याकांड, उससे पहले के घटनाक्रम और बाद की घटनाओं को समझने में सफल रही है.

ज्ञात रहे कि 16 अगस्त 2011 को आरटीआई एक्टिविस्ट शेहला मसूद अपने घर के बाहर कार में मृत मिली थीं. वे उस समय अन्ना हजारे के आंदोलन के समर्थन में भोपाल में हो रहे आयोजन में भाग लेने जा रही थीं. पहले पुलिस ने मामले की जांच की और उसके नाकाम रहने के बाद मामले को सीबीआई के हवाले कर दिया गया. मसूद को हत्या से पहले धमकियां भी मिल रही थीं, जिसकी शिकायत उन्होंने पुलिस से की थी. इस मामले में तीन दिन पहले मध्यप्रदेश सीबीआई ने आर्किटेक्ट जाहिदा परवेज को गिरफ्तार किया है. इस मामले में साकिब अली डेंजर को शूटर बताया जाता है, वह भी सीबीआई की हिरासत में है.