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माओवादियों ने कराया सुचित्रा का समर्पण

माओवादियों ने कराया सुचित्रा का समर्पण

कोलकाता. 11 मार्च 2012

सुचित्रा महतो


माओवादी नेता सुचित्रा महतो के आत्मसमर्पण को बंगाल में एक बड़ी सफलता के रुप में देखा जा रहा है. ममता बनर्जी ने तो इसे होली का उपहार भी कहा है. लेकिन माओवादी आंदोलन पर नज़र रखने वाले मान कर चल रहे हैं कि बीमार और लाचार सुचित्रा महतो का आत्मसमर्पण माओवादी संगठन के नेताओं की सहमति से हुआ है क्योंकि सुचित्रा का इलाज जरुरी था. किशन जी की करीबी के रुप में प्रचारित सुचित्रा अगर चोरी-चुपके अपना इलाज करवाती तो एक तो बहुत बेहतर इलाज उपलब्ध हो पाना मुश्किल था, इसके अलावा किसी भी समय फर्जी मुठभेड़ में मार दिये जाने का खतरा अलग होता.

सूत्रों के अनुसार सुचित्रा महतो का इलाज कोलकाता के बेलव्यू अस्पताल में हो रहा है, जहां सुचित्रा को कड़ी सुरक्षा में रखा गया है. हालांकि अस्पताल में सुचित्रा को किसी फर्जी नाम से रखा गया है. इस बात को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं कि सरकार सुचित्रा महतो का इलाज किसी सरकारी अस्पताल में कराने के बजाये आखिर एक निजी अस्पताल में क्यों करा रही है.

34 साल की सुचित्रा महतो उर्फ खेती उर्फ झरना के खिलाफ लगभग डेढ़ दर्जन मामले दर्ज हैं. जिनमें कई मामले मुठभेड़ के हैं. ऐसे ही एक मुठभेड़ में सुचित्रा महतो की कमर में गोली लगी थी, जिसके बाद किसी तरह जंगल में ही उसकी गोली निकाली गई लेकिन ठीक इलाज नहीं हो पाने के कारण उसकी तबीयत बिगड़ती जा रही थी. अब आत्मसमर्पण के बाद ममता बनर्जी ने सुचित्रा महतो को इलाज के साथ-साथ दूसरी तमाम सुविधाएं मुहैय्या कराने का आश्वासन दिया है. इसके अलावा उसकी सुरक्षा भी सुनिश्चित करने की बात ममता बनर्जी ने की है.

इधर सुचित्रा महतो के आत्मसमर्पण को लेकर सवाल भी खड़े होने लगे हैं. शुक्रवार को लालगढ़ के धानशोला गांव में पैदा हुई सुचित्रा ने जब कोलकाता के राइटर्स बिल्डिंग में आत्म समर्पण किया तो उसने कहा कि समाज की मुख्य धारा से जुड़ने के लिए उसने अपने पति प्रवीर के साथ आत्मसमर्पण किया है. लेकिन माकपा के राज्य सचिव विमान बोस ने सवाल खड़ा करते हुये जानना चाहा है कि मुठभेड़ में गोली लगने के बाद सुचित्रा इतने दिनों तक कहां रही, इस बात की जांच की जानी चाहिए. बोस ने आत्मसमर्पण को नाटक बताते हुये कहा कि तृणमूल कांग्रेस की माओवादियों के साथ गहरी सांठगांठ है औऱ अगर पूरे मामले की जांच की जाये तो बात और स्पष्ट हो जाएगी.


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