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तानाशाही की ओर देश-जयललिता

तानाशाही की ओर देश-जयललिता

नई दिल्ली. 5 मई 2012

जयललिता

 

तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जयललिता ने कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुये कहा है कि केंद्र की कांग्रेस सरकार देश को तानाशाही की ओर ले जा रही है. उन्होंने कहा कि एनआईए और एनसीटीसी के गठन तथा आरपीएफ एवं बीएसएफ कानूनों में प्रस्तावित संशोधनों के मसले से जो हालात बन रहे हैं, उससे लगता है कि हम तानाशाही की ओर बढ़ रहे हैं

जयललिता ने एनसीटीसी का कड़ा प्रतिवाद करते हुये आरोप लगाया कि केंद्र सरकार तमिलनाडु की इस हद तक अवहेलना कर रही है कि केंद्र ने आज तक राष्ट्रीय आतंकवाद रोधी केंद्र यानी एनसीटीसी के गठन के आदेश की प्रतिलिपि तक उसने राज्य सरकार को भिजवाने की जरुरत नहीं समझी है.

दिल्ली में राष्ट्रीय आतंकवाद रोधी केंद्र के मुद्दे पर केंद्र द्वारा आयोजित बैठक में जयललिता ने कहा कि एनसीटीसी में आमूल-चूल परिवर्तन की जरुरत है. उन्होंने कहा कि जबतक एनसीटीसी की अधिसूचना लागू है, तब तक इस पर होने वाली हरेक बहस व्यर्थ है. जयललिता ने मांग की कि एनसीटीसी के लिये मुख्यमंत्रियों की एक उपसमिति भी बनाया जाना चाहिये. उपसमिति की रिपोर्ट के बाद ही एनसीटीसी के बारे में सरकार को विचार करना चाहिये.

जयललिता ने कहा कि जब तक केंद्र की किसी एक एजेंसी को आतंकवाद से लड़ने के लिये नोडल बनाने की बात खारिज नहीं की जाएगी, तब तक एनसीटीसी की अवधारणा को बेहतर तरीके से लागू नहीं किया जा सकेगा. उन्होंने कहा कि केंद्र को चाहिये कि वह इस मुद्दे पर सभी पक्षों की बात को गंभीरता से सुने, उसके बाद ही इसपर विचार करे.


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