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भगत सिंह चौक अभी नहीं

भगत सिंह चौक अभी नहीं

लाहौर. 1 नवंबर 2012

भगत सिंह


पाकिस्तान सरकार ने कट्टरपंथी संगठनों के विरोध को देखते हुए लाहौर के शादमान चौक का नाम बदल कर शहीद भगत सिंह के नाम पर रखने की योजना को ठंडे बस्ते में डाल दिया है. लाहौर जिला प्रशासन के प्रमुख नूरूल अमीन मेंगल ने जानकारी दी है कि लाहौर के शादमन चौक के नाम परिवर्तन के निर्णय पर फिलहाल रोक लगा दी गई है.

गौरतलब है कि इससे पहले लाहौर जिला प्रशासन ने पिछले महीने घोषणा की थी कि अंग्रेजों के खिलाफ क्रांति का बिगुल बजाने वाले भगत सिंह के योगदान और बलिदान को देखते हुए श्रद्धास्वरूप लाहौर के शादमान चौक का नाम बदल कर उनके नाम पर कर दिया जाएगा. यह वही चौक है जहां भगत सिंह को अंग्रेजी हुकूमत के द्वारा फांसी पर चढ़ाया गया था. लेकिन जिला प्रशासन को इस फैसले के बाद से लगतार कट्टरपंथियों के विरोध का सामना करना पड़ रहा था.

जिला प्रशासन के एक अधिकारी के अनुसार उन्हें कट्टरपंथी संगठन जमात-उद-दावा का एक धमकी भरा खत मिला था जिसमें शादमन चौक का नाम एक गैर-मुसलमान स्वतंत्रता सेनानी के नाम पर रखने को लेकर चेतावनी दी गई. इसके अलावा एक अन्य कट्टरपंथी संगठन जमात-ए-इस्लामी ने भी इस कदम का विरोध किया है. अधिकारी के अनुसार इसके लिए हुई जनसुनवाई में भी ज्यादातर लोगों ने इसका नाम भगत सिंह चौक करने के विचार को खारिज कर दिया.

उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी आतंकी संगठन जमात-उद-दावा के प्रमुख अमीर हमजा के कहा था कि पाकिस्तान एक इस्लामी मुल्क है और उसकी सड़कों और चौक इत्यादि के नाम मुसलमानों के नाम पर ही रखे जाने चाहिए न कि किसी हिंदू, सिख या इसाई के नाम पर.

 

इस समाचार / लेख पर पाठकों की प्रतिक्रियाएँ

 
 

devvrat [] jaipur - 2012-11-01 10:29:51

 
  तो क्या हिन्दुस्तानी बेहकूब है जो भारतीय भूमि पर मुसलमानों के नाम रख देते है?  
   
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