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बेटे को अवार्ड नहीं तो अमिताभ दुखी

बेटे को अवार्ड नहीं तो अमिताभ दुखी

मुंबई. 25 नवंबर 2012

अमिताभ बच्चन


अमिताभ बच्चन इस बात से दुखी हैं कि उनके बेटे अभिषेक बच्चन को फिल्म गुरु के लिये अवार्ड क्यों नहीं मिला. अमिताभ बच्चन को इस बात का भी मलाल है कि उन्हें भी उनकी फिल्म दीवार के लिये अवार्ड नहीं दिया गया. लेकिन अमिताभ इस बात को भी जानते हैं कि अब इस मामले में कुछ भी नहीं किया जा सकता है.

लगभग एक दशक तक गुमनाम और आर्थिक बदहाली झेलने के बाद कौन बनेगा करोड़पति से फिर से बॉलीवुड में वापसी करने वाले अमिताभ बच्चन ने ट्वीट किया है कि शुक्रवार की रात उन्होंने दूरदर्शन पर अपने बेटे के साथ गुरू फिल्म देखी. बेटे अभिषेक का काम देखकर गर्व से भर गया. आखिर में आंखें भीग गई.

अमिताभ ने बेटे अभिषेक की इतनी तारीफ करने के बाद दुबारा ट्वीट किया और लिखा कि गुरू फिल्म के लिए उसे एक भी अवॉर्ड नहीं मिला. मैंने उसे यही कहकर सांत्वना दी कि दीवार के लिए मुझे भी कोई अवॉर्ड नहीं मिला था. दिलीप साहब को गंगा जुमना के लिए भी नहीं मिला था. मेरे लिए वह उनकी बेस्ट परफॉरमेंस थी.

अमिताभ की बात यहीं नहीं रुकी. अमर सिंह को भाई बना कर उनके सहारे अपनी नाव पार करने और फिर उन्हें किनारे कर देने वाले अमिताभ ने यहां रिश्तों और जोड़तोड़ की भी बात की. अमिताभ ने लिखा कि रिश्ते और हालात यह फैसला लेते हैं कि किसे अवॉर्ड देना है. इससे पहले कि पिटारा खुल जाए,इस टॉपिक को छोड़ देते हैं,नहीं तो बहुत से लोग इसे सहन नहीं कर पाएंगे. अब अमिताभ के पिटारे में क्या कुछ था, ये तो वही जानें लेकिन उनके पिता और उनके परिवार पर इंदिरा गांधी परिवार के अहसान और बाद में अमर सिंह जैसों के अहसान का पिटारा अगर कहीं खुला तो अमिताभ का जवाब क्या होगा, इसे सोच पाना मुश्किल है.