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सहारा समूह लौटाए फरवरी तक पैसे

सहारा समूह लौटाए फरवरी तक पैसे

नई दिल्ली. 5 दिसंबर 2012

सुब्रत राय सहारा


सुप्रीम कोर्ट ने सहारा समूह को अपनी दो कंपनियों में लगे निवेशकों के पैसे 15% ब्याज के साथ तीन किस्तों में लौटाने का निर्देश दिया है. इसके लिये सुप्रीम कोर्ट ने कंपनी को फरवरी तक का समय दिया है. प्रधान न्यायाधीश अलतमस कबीर, न्यायमूर्ति एसएस निज्जर और न्यायमूर्ति जे चेलामेश्वर की खंडपीठ ने सहारा समूह को निर्देश दिया कि वह निवेशकों के 17400 करोड़ रुपये 15% ब्याज के साथ फरवरी तक तीन किस्तों में लौटाये. सहारा समूह को शेयर में परिवर्तनीय बॉन्ड से जुटाए गए धन के लिए अब ब्याज के साथ कुल 24,000 करोड़ रुपए लौटाने हैं.

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को सहारा समूह को निर्देश दिया वह तुरंत मार्केट रेग्युलेटर सेबी को 5,120 करोड़ रुपए का डिमांड ड्राफ्ट सौंपे. शेष राशि दो किस्तों में सेबी के पास जमा की जाएगी. अदालत ने कहा कि 10,000 करोड़ रुपए की पहली किस्त का भुगतान जनवरी 2013 के पहले सप्ताह तक किया जाएगा और शेष राशि फरवरी 2013 के पहले सप्ताह तक जमा की जाएगी. इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट ने सहारा समूह से 20 दिसंबर तक सारे दस्तावेज जमा करने को भी कहा है.

इससे पहले 31 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट सहारा की दो फाइनेंस योजनाओं को गैरकानूनी ठहराते हुये निवेशकों की रकम ब्याज समेत लौटाने को कहा था. सहारा ने इन दो योजनाओं से 2.7 करोड़ लोगों से 27,000 करोड़ रुपए जुटाए थे. पहले तो सहारा ने कहा कि वह निवेशकों के पैसे घर बनाने में निवेश किये हैं, बाद में झूठ गढ़ा कि उसने 5 हजार करोड़ के अलावा निवेशकों के पैसे वापस कर दिये हैं.

सुप्रीम कोर्ट ने सहारा समूह के खिलाफ दिये गये अपने पुराने आदेश में संशोधन किया. इससे पहले अदालत ने जमाकर्ताओं की रकम 30 नवंबर तक लौटाने को कहा था. अब इसके लिये फरवरी 2013 तक का समय अदालत ने सहारा समूह को दिया है.