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फिर बढ़ सकते हैं पेट्रोलियम पर्दार्थों के दाम

फिर बढ़ सकते हैं पेट्रोलियम पर्दार्थों के दाम

नई दिल्ली. 27 दिसंबर 2012

petroleum products


केंद्र सरकार एक बार फिर डीज़ल और केरोसीन तेल के दाम बढ़ा सकती हैं. यदि पेट्रोलियम मंत्रालय के ताज़ा प्रस्ताव को मान लिया जाता है तो यह बढ़ोत्तरी अगले वर्ष लागू होगी. मंत्रालय ने अपने प्रस्ताव में अगले साल लगातार 10 महीनों तक डीज़ल के दाम में दस महीनों तक प्रतिमाह एक-एक रुपए की बढ़ोत्तरी यानी कि कुल 10 रुपए के बढ़ोत्तरी करने का प्रस्ताव वित्त मंत्रालय के समक्ष रखा है. मंत्रालय ने मिट्टी तेल के दाम में भी अगले दो साल की अवधि के भीतर 10 रुपए की बढ़ोत्तरी किया जाना प्रस्तावित किया है.

बताया जा रहा है कि पेट्रोलियम मंत्रालय ने डीज़ल, रसोई गैस सिलेंडर तथा केरोसिन की लागत से कम मूल्य पर बिक्री से तेल कंपनियों को हो रहे नुकसान के मद्देनज़र यह प्रस्ताव रखा है. पेट्रोलियम मंत्रालय के एक सूत्र ने कहा, हमारे पास कोई अन्य विकल्प नहीं बचा है, तेल कंपनियों को लगातार हो रहे घाटे को देखते हुए दाम बढ़ाने की जरूरत है.

उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी सितंबर माह में डीजल के दाम में एकमुश्त पांच रुपए की बढ़ोतरी की गई थी थी जिससे महंगाई दर एकाएक बढ़ गई थी. इसी को देखते हुए तेल मंत्रालय ने एक निश्चित समयावधि में यह बढ़ोत्तरी करने का प्रस्ताव दिया है, ताकी उपभोक्ताओं पर इसका बोझ एकदम से न पड़ै और सरकार पर सब्सिडी का बोझ भी कम हो जाए.

इधर प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने भी पेट्रोलियम पर्दार्थों के दामों में वृद्धि के संकते दिए हैं. उन्होंने 12वीं पंचवर्षीय योजना को अंतिम रूप देने के लिए आयोजित राष्ट्रीय विकास परिषद (एनडीसी) की बैठक को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा है कि बदलते हालात की वजह से सरकार को कड़े फैसले लेने होंगे. जिसमें कि पेट्रोल और डीजल के दामों में कई चरणों के तहत वृद्धि किया जाना भी शामिल है.


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