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भागवत जी झूठ मत बोलो

भागवत जी झूठ मत बोलो

नई दिल्ली. 5 जनवरी 2013

रेप


संघ प्रमुख मोहन भागवत भले कहें कि रेप की घटनाएं इंडिया में होती हैं, भारत में नहीं लेकिन उनके इस झूठे तर्क की हकीकत यही है कि देश में रेप के सर्वाधिक 75 प्रतिशत मामले ग्रामीण इलाकों से सामने आये हैं. दिल्ली नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के असोसिएट प्रोफेसर सतीश मृणाल ने 1983 से 2009 के दौरान क्रिमिनल लॉ जर्नल के आंकड़ों के आधार पर जो तथ्य सामने लाये, उससे पता चलता है पिछले 25 सालों में रेप के जितने मामलों में सजा मिली है, उनमें से 75 फीसदी मामले ग्रामीण इलाकों से थे. इसी तरह हाईकोर्ट में 80 प्रतिशत और सुप्रीम कोर्ट में 75 प्रतिशत रेप केस ग्रामीण इलाकों से थे. इसी तरह हाईकोर्ट में गैंग रेप के 75 प्रतिशत और सुप्रीम कोर्ट में 68 प्रतिशत मामले ग्रामीण इलाकों के रहे हैं. कम उम्र के बच्चों के साथ रेप के 68 प्रतिशत मामले तो केवल गांवों से आये हैं.

गौरतलब है कि आरएसएस प्रमुख डॉ. मोहनराव भागवत ने कहा था कि दुष्कर्म भारत की नहीं इंडिया की समस्या है. सिलचर में एक सार्वजनिक सभा में उन्होंने कहा कि दुष्कर्म की घटनाएं इंडिया में ज्याादा होती हैं, भारत में नहीं. भागवत के कहने का मतलब था कि पश्चिमी सभ्यता का असर शहरी क्षेत्रों में ज्याहदा है, जहां रेप की घटनाएं ज्या दातर होती हैं. ग्रामीण इलाकों, जहां भारतीय मूल्यों का बोलबाला है, में ऐसी घटनाएं नहीं होतीं. बाद में जब देश भर में भागवत के बयान की निंदा हुई तो उन्होंने कहा कि उनके कहने का गलत मतलब निकाल लिया गया.

इसके बाद भारतीय जनता पार्टी की सरकार में मध्यप्रदेश के मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने प्रवचन देने वाली मुद्रा में महिलाओं को कहा कि एक ही शब्द है मर्यादा. मर्यादा का उल्लंघन होता है तो सीता हरण हो जाता है. लक्ष्मण रेखा हर व्यक्ति की खिंची गई है. उस लक्ष्मण रेखा को कोई भी पार करेगा तो रावण सामने बैठा है, वो सीता हरण करके ले जाएगा. उन्होंने आगे कहा कि यदि महिला अपनी मर्यादा का उल्लंघन करती है तो उसे सजा भुगतनी पड़ेगी. जैसे सीता ने मर्यादा का उल्लंघन किया और उसे रावण उठा कर ले गया.

इन दोनों बयानों के बाद भाजपा ने मोहन भागवत का बचाव किया लेकिन कैलाश विजयवर्गीय को बयान को वापस लेने के निर्देश दिये. कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि मीडिया में उनका जो अधूरा बयान आ रहा है, उसे वे वापस लेते हैं. हालांकि विजयवर्गीय ने यह नहीं बताया कि उनका पूरा बयान क्या था, जिसे मीडिया ने नहीं बताया.

संघ प्रमुख मोहन भागवत और मध्यप्रदेश की भाजपा सरकार के मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के रेप को लेकर महान विचार के बाद अब मध्यप्रदेश कांग्रेस की मीडिया विभाग के अध्यक्ष मानक अग्रवाल ने कहा कि आरएसएस के कुंआरे प्रचारक रेप करते हैं. उन्होंने कहा कि आरएसएस के प्रचारक शादी नहीं करते हैं, इसीलिए वे महिलाओं के साथ दुष्कर्म और शोषण जैसी घटनाओं में लिप्त रहते हैं. भाजपा के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री संजय जोशी का उदाहरण हम सब के सामने है. उन्होंने कहा कि मप्र देश में महिला अत्याचार में पहले नंबर पर है और रेप की ज्यादातर घटनाओं में भाजपा, युवा मोर्चा और बजरंग दल के लोग शामिल हैं.