पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
  पहला पन्ना >अंतराष्ट्रीय > Print | Share This  

बशर का शांति प्रस्ताव महज दिखावा: अमरीका

बशर का शांति प्रस्ताव महज दिखावा: अमरीका

दमिश्क. 7 जनवरी 2013

victoria nuland


सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल असद द्वारा पेश किए गए शांति प्रस्ताव को सिरे से खारिज करते हुए अमरीका ने कहा है कि उनका प्रस्ताव वास्तविकता से बिल्कुल परे है. अमरीकी विदेश विभाग की प्रवक्ता विक्टोरिया नूलैंड ने इस पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि बशर अल-असद का भाषण सत्ता में बने रहने की एक कोशिश भर है तथा इसमें सीरियाई नागरिकों के लक्ष्य में बिल्कुल भी परिवर्तन नहीं होगा, जो देश में सत्ता परिवर्तन चाहते हैं.

गौरतलब है कि सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल असद ने रविवार को दिए अपने भाषण में देश में संकट के समाधान के लिए एक योजना पेश करते हुए जिसमें एक राष्ट्रीय सुलह सम्मेलन, नई सरकार का गठन तथा राजनीतिक माफी देने की बातें कहीं थीं. उन्होंने सीरिया के गृहयुद्ध के लिए पश्चिमी देशों को ही जिम्मेदार बताया था और कहा था कि उनके विपक्षी 'पश्चिम के हाथों की कठपुतली' हैं.

बशर के शांति प्रस्ताव पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए नूलैंड ने कहा कि बशर अल असद ने अपनी वैधानिकता खो दी है. उन्हें राजनीतिक समाधान से खुद को दूर रखना चाहिए और सीरिया के लोगों की आकांक्षाओं के अनुरूप देश में लोकतांत्रिक तरीके से सत्ता परिवर्तन होना चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि करीब दो साल से असद सरकार अपने ही लोगों पर ज्यादतियां कर रही है. आज भी असद बातचीत के बारे में कहते हैं, लेकिन उनकी सरकार गुटीय तनाव बढ़ा रही है और सुन्नी बहुल शहरों पर हमले भी जारी हैं.

उल्लेखनीय है कि सीरिया में एक लंबे समय से गृहयुद्ध की स्थिति बनी हुई है और यहां की जनता सत्ता परिवर्तन की मांग कर रही है जिसके चलते असद सरकार द्वारा लगातार दबाव बना हुआ है.


इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   


 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in