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तेल की कीमतों के लिए भी भारत जिम्मेवार

तेल की कीमतों के लिए भी भारत जिम्मेवार- अमरीका


नई दिल्ली. 6 मई 2008
बढ़ती महंगाई के लिए भारतीयों के पेटू होने को जिम्मेवार बताने वाले अमरीका ने अब तेल की कीमतों में वृद्धि का ठिकरा भारत के सर पर फोड़ते हुए कहा है कि तेल की कीमतों में बढ़ोत्तरी के लिए भारत और चीन जिम्मेवार हैं.


बुश के विश्वस्त माने जाने वाले व्हाइट हाऊस के प्रवक्ता स्काट स्टांजेल ने एक बयान में कहा कि है भारत और चीन में तेल की मांग तेजी से बढ़ी है, इसलिए दुनिया भर में तेल की कीमतों में वृद्धि हो गई है.


उन्होंने कहा कि हमारे देश में तेल की कीमतों में इसलिए इजाफा नहीं हुआ है क्योंकि हम जैविक संसाधनों पर अपनी निर्भरता बढ़ा रहे हैं.


ज्ञात रहे कि पिछले दिनों अमरीकी विदेश मंत्री कोंडोलीज़ा राइस ने यह कह कर सनसनी फैला दी थी कि भारत और चीन जैसे देशों में लोगों के खान-पान के स्तर में हुई बेहतरी और खाद्यान्न सामग्रियों के निर्यात पर लगी रोक के कारण दुनिया भर में खाद्यान्न संकट बढ़ा है.


कोंडोलीज़ा के इस बयान पर विवाद शुरु हुआ तो अमरीका के राष्ट्रपति जार्ज बुश ने दो कदम आगे बढ़ कर इस बयान का समर्थन करते हुए कहा कि भारत में बेहतर आहार की मांग बढ़ी है, जिसके कारण खाद्यान्न की क़ीमतें बढ़ती हैं.