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इटली के राजदूत पर कसा शिकंजा

इटली के राजदूत पर कसा शिकंजा

नई दिल्ली. 14 मार्च 2013

इतालवी सैनिक


सुप्रीम कोर्ट ने इटली के राजदूत को नोटिस जारी करते हुये राजदूत के भारत से बाहर जाने पर रोक लगा दी है. माना जा रहा है कि जरुरत पड़ने पर इटली के राजदूत को गिरफ्तार भी किया जा सकता है. इटली के राजदूत के हलफनामा के बाद ही भारतीय मछुआरों की हत्या करने वाली इटली के दो सैनिकों को 4 सप्ताह के लिये इटली जाने की अनुमति मिली थी. इसके बाद इटली ने वादाखिलाफी करते हुये इन दोनों सैनिकों को भारत वापस भेजने से इंकार कर दिया है.

इससे पहले इटली सरकार के इतालवी नौसैनिकों को भारत भेजे जाने से इनकार किए जाने से उठे हंगामे पर प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि वे इस मसले को इटली के सामने उठाएंगे ताकि भारत के दो मुछाआरों की हत्या के मामले में अभियुक्त बनाए गए इतालवी नौसैनिकों को भारत लाया जाए. उन्होंने संसद में भी कहा कि इटली के साथ इस मामले के कारण संबंध खराब हो सकते हैं.

इटली के इन दो सैनिकों पर आरोप है कि एक साल पहले 15 फरवरी को उन्होंने दो भारतीय मछुआरों अजेश बिंकी (25 वर्षीय) और जेलेस्टाइन (45) की गोली मारकर हत्या कर दी थी. ये दोनों सैनिक इटली के एक जहाज पर तैनात थे ताकि उसे समुद्री लुटेरों से बचा सकें. मासिमिलानो लातोरे और सल्वातोरे गिरोने नाम के इन दो नौसैनिकों को हत्या के आरोप में 19 फरवरी को गिरफ्तार किया गया था और इन पर मुकदमा शुरु किया था. इस बीच इन दोनों सैनिकों को सुप्रीम कोर्ट ने इटली के आम चुनाव में मतदान करने की अनुमति देते हुये 4 सप्ताह के भीतर भारत लौटने का आदेश दिया था. लेकिन अब इटली सरकार इससे मुकर गई है.