पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
  पहला पन्ना >राष्ट्र > Print | Share This  

कोयला घोटाले में कुछ नहीं छिपाया: मनमोहन

कोयला घोटाले में कुछ नहीं छिपाया: मनमोहन

नई दिल्ली. 3 सितंबर 2013

मनमोहन सिंह


प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने मंगलवार को राज्यसभा में बयान देते हुए कहा कि सरकार ने कोयला घोटाला मामले में कुछ भी नहीं छुपाया है. उन्होंने कहा कि इस निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी कि कोयला ब्लॉक आवंटन में गड़बड़ी के संदर्भ में केंद्रीय सीबीआई द्वारा ढूंढे जा रहे आधिकारिक कागजातों को सरकार द्वारा गुम किया गया है.

उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में कागजात सीबीआई को पहले ही सौंपे जा चुके हैं और इसमें ऐसा कोई संशय नहीं है जैसी कि कुछ सांसदों को आशंका है.

मनमोहन सिंह ने पूर्व में तैयार किए गए बयान को पढ़ते हुए कहा, "मैं सदन को भरोसा दिला दूं कि सरकार के पास छुपाने के लिए कुछ नहीं है. सीबीआई को एक लाख से ज्यादा पृष्ठों के कागजात दिए जा चुके हैं और यह बताता है कि सीबीआई जांच में सहूलियत देने की सरकार की मंशा पर सवाल नहीं किया जा सकता.”

उन्होंने कहा कि सरकार ने नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) और सीबीआई को पूरा सहयोग दिया है. मनमोहन सिंह ने कहा, "हम ऐसा करना जारी रखेंगे." प्रधानमंत्री ने कहा कि अगर कुछ फाइलें गायब हैं तो सरकार पूरी जांच कराएगी और दोषी को सजा दी जाएगी.

हालांकि उनके इस बयान पर भाजपा ने असंतोष जताया और कहा कि जब तक प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह इस मसले पर ठीक तरह से बयान नहीं देते हैं तब तक विपक्ष सदन नहीं चलने देगा.

 

इस समाचार / लेख पर पाठकों की प्रतिक्रियाएँ

 
 

b.k.joshi [bjoshi090@gmail.com] jodhpur - 2013-09-03 19:45:09

 
  सरकार का जवाब है कि सरकार कुछ नहीं छुपा रही है क्या इसका मतलब यह निकला जाय कि छुपाने लायक चीज पहले ही गायब हो गई हे समझने वाली बात है कि मंत्रालय के कार्यालयों में जब इतनी धान्द्ली चल रही है और कोई भी इसकी जिम्मेदारी की हद में ही नहीं आता है ,क्या जनता के पैसे जो बड़ी -बड़ी तनख्वा के रूप में लेने वाले लोग सिर्फ 8 घंटे की ड्यूटी ही करने को अपना फ़र्ज़ समझते हे क्या इस मामले में किसी भी अधिकारी के खिलाफ लापरवाही या अनुशासनात्मक कार्यवाही करी गई हे नहीं क्यूँ ?क्या इस दर से की एक के बाद एक राज खुलेंगे और गाज मंत्रियों तक पहुँच जाएगी  
   
सभी प्रतिक्रियाएँ पढ़ें

इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   


 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in