पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
  पहला पन्ना >राजनीति > Print | Share This  

सरकार बांटेगी ढ़ाई करोड़ मोबाइल

सरकार बांटेगी ढ़ाई करोड़ मोबाइल

नई दिल्ली. 7 सितंबर 2013

मोबाइल फोन के साथ ग्रामीण


लोकसभा चुनावों से पहले केंद्र की यूपीए सरकार ग्रामीण वोटरों के लिए एक और लोकलुभावन स्कीम लाने की तैयारी में है. बताया जा रहा है कि मनमोहन सरकार गरीबों को 2.5 करोड़ मोबाइल और छात्रों को 90 लाख टैबलैट बांटेगी. साल 2014-15 से शुरु होने वाली इस मेगा के लिए केंद्र सरकार को 7860 करोड़ रुपए खर्च करने होंगे और अगले 4 सालों तक ये मोबाइल और टैबलेट लाभार्थियों को बांटे जाएंगे.

केंद्र सरकार इस योजना को देश में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों के बीच डिटिजल खाई को पाटने के नाम पर ला रही है. ग्रामीण इलाकों के गरीब लाभार्थियों को दिए जाने वाले मोबाइल फोनों में दो साल के लिए मुफ्त कनेक्शन भी होगा और साथ ही इसमें हर महीने 30 मिनट का टॉकटाइम, 30 एसएमएस और 30 एमबी का डेटा भी दिया जाएगा. हालांकि इस सब के लिए उनके एकमुश्त 300 रुपए भी लिए जाएंगे.

इसके साथ ही सरकार युवाओं को भी लुभाने के लिए भी सरकार ने 90 लाख टैबलेट बांटने का फैसला किया है. इसमें सरकार ग्रामीण और शहरी इलाकों के 11वीं और 12वीं के छात्रों को ये टैबलेट देगी. इस टैबलेट में भी हर महीने 75 मिनट का टॉक टाइम, 75 एसएमएस और 500 एमबी डेटा कनेक्शन मुफ्त मिलेगा.

बताया जा रहा है कि इसके बाबत एक प्रस्ताव टेलीकॉम कमीशन को पहले ही भेजा जा चुका है. केंद्र सरकार इस योजना को सरकारी दूरसंचार कंपनी बीएसएनएल के जरिए पूरा करने की योजना बना रही है.

वैसे चुनावों से ठीक पहले घोषित सरकार की इस मेगा स्कीम से पहले से ही पटरी से उतरी देश की अर्थव्यवस्था पर सीधे तौर पर 7860 करोड़ रुपए का आर्थिक बोझ पड़ेगा लेकिन राजनीति के जानकारो का कहना है कि यूपीए सरकार चुनावों से पहले वोटरों को लुभाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती है.

इससे पहले उत्तरप्रदेश में मुफ्त में लाखों टैबलैट और लैपटॉप बांट चुकी सरकार की प्रमुख सहयोगी पार्टी समाजवादी पार्टी ने भी इस योजना का विरोध किया है और कहा है कि केंद्र सरकार उस बाप की तरह है जो अपनी अय्याशियों के लिए अपनी औलाद (देश) को कंगाल करने पर तुली है.

 

इस समाचार / लेख पर पाठकों की प्रतिक्रियाएँ

 
 

surendra raghuvanshi [raghug9971@rediffmail.com] ganj basoda m.p. - 2013-09-07 17:22:09

 
  इस देश के गद्दार नेता सिर्फ अपनी कुरसी देखते हैं. ये देश को बेच डालेंगे. देश के निर्भीक और चोटी स्तंभ को ईमानदारी से इन बेइमानों की करतूतों को जनता के सामने रखना होगा.  
   
सभी प्रतिक्रियाएँ पढ़ें

इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   


 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in