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तसलीमा के लेख से बवाल, दो की मौत

तसलीमा के लेख से बवाल, दो की मौत

बेंगालुरु. 01 मार्च 2010


कनार्टक के शिमोगा और हासन में बहुचर्चित लेखिका तस्लीमा नसरीन के एक आलेख को लेकर मचे बवाल के बाद हुई पुलिस फायरिंग में दो लोगों के मारे जाने की खबर है. एक अखबार के बाहर प्रदर्शन कर रहे प्रदर्शनकारियों को काबू में करने के लिए पुलिस को फायरिंग करनी पड़ी. जिले में धारा 144 लागू कर दिया गया है.

राज्य के मुख्यमंत्री बीएस यदुरप्पा के गृह जिले में एक कन्नड़ अखबार में तसलीमा नसरीन के बुर्का संबंधी आलेख के अनुवाद छपने को लेकर शिमोगा में सुबह से ही माहौल गरम था. बाद में कुछ लोगों ने अखबार के दफ्तर के बाहर प्रदर्शन करना शुरु किया. प्रदर्शनकारी भीड़ ने शहर के कई इलाकों में भी तोड़फोड़ मचाई. पुलिस द्वारा प्रदर्शनकारियों को जब संभालने की कोशिश की गई तो भीड़ उत्तेजित हो गई और उसने पथराव करना शुरु कर दिया. इसके बाद पुलिस ने फायरिंग की. इस फायरिंग में कम से कम दो लोगों के मारे जाने की खबर है. लगभग दो दर्जन लोग इस घटनाक्रम में घायल भी हुए हैं.

इधर पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा के गृह जिले हासन में भी अखबार में तसलीमा नसरीन के लेख को लेकर तनाव की स्थिति बनी हुई है. यहां भी प्रदर्शनकारियों ने उत्पात मचाया है और कई दुकानों में आग लगा दी है.

इस घटना के बाद से राज्य के कई इलाकों में तनाव का वातावरण बना हुआ है और पुलिस ने एहतियात के तौर पर सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है.

अपने उपन्यास औऱ नारीवादी लेखन के लिय मशहूर तसलीमा नसरीन 1994 से बांग्लादेश में कट्टरपंथियों के फतवे के बाद से निर्वासित ज़िंदगी गुजार रही हैं. वे इन दिनों न्यूयार्क में रह रही हैं.

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