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पीएसएलवी सी23 सफलतापूर्वक प्रक्षेपित

पीएसएलवी सी23 सफलतापूर्वक प्रक्षेपित

श्रीहरिकोटा. 29 जून 2014

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भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संस्थान (इसरो) ने सोमवार को श्रीहरिकोटा के रॉकेट पोर्ट से ध्रुवीय उपग्रह प्रक्षेपण यान (पीएसएलवी)-सी23 का सफलतापूर्वक प्रक्षेपण किया. यह इसरो की वाणिज्यिक इकाई एंट्रिक्स कॉर्रपोरेशन का प्रोजेक्ट है जिसके द्वारा फ्रांस के पृथ्वी अवलोकन उपग्रह सहित और चार अन्य विदेशी उपग्रहों को प्रक्षेपित किया गया है.

पीएसएलवी सी23 के मुख्य उपग्रह में फ्रांस का पृथ्वी अवलोकन उपग्रह एसपीओटी-7 है. इसके अतिरिक्त जर्मनी का 14 किलोग्राम भार वाला एआईएसएटी, कनाडा का 15-15 किलोग्राम भार वाला एनएलएस7.1 (सीएएन-एक्स4) व एनएलएस7.2 (सीएएन-एक्स5) और सिंगापुर का सात किलोग्राम वजन वाला वीईएलओएक्स-1 उपग्रह शामिल है.

इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, आंध्र प्रदेश के राज्यपाल ई.एल.एल.नरसिम्ह्न, मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू, केंद्रीय मंत्री वेंकैया नायडू, अंतरिक्ष विज्ञानी और अन्य आगंतुक भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संस्थान (इसरो) के रॉकेट अभियान नियंत्रण कक्ष में मौजूद थे.

रॉकेट ने अपनी उड़ान के बाद सबसे अधिक वजन वाले उपग्रह स्पॉट-7 को अंतरिक्ष की केंद्र में स्थापित किया इसके बाद एआईएसएटी (जर्मनी), एनएलएस7.1 एवं एनएलएश7.2 (कनाडा) और वीईएलओएक्स-1 (सिंगापुर)को कक्षा में स्थापित किया गया.

भारत ने 1999 से लेकर अब तक पीएसएलवी के जरिये 35 विदेशी उपग्रह अंतरिक्ष के केंद्र में स्थापित किए हैं. इस नए अभियान के जरिये इसकी संख्या 40 हो जाएगी.

भारत ने अपने अंतरिक्ष अभियान की शुरुआत 1975 में रूसी रॉकेट के जरिये आर्यभट्ट का प्रक्षेपण कर की थी. चांद व मंगल अभियान सहित भारत ने अपने 100 से अधिक अंतरिक्ष अभियान पूरे कर लिए हैं.
 


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