पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
 पहला पन्ना > मुद्दा > पश्चिम बंगाल Print | Send to Friend | Share This 

माओवादियों को फिर बातचीत का प्रस्ताव

माओवादियों को फिर बातचीत का प्रस्ताव

कोलकाता, 4 अप्रैल 2010


केंद्रीय गृहमंत्री पी चिदंबरम ने एक बार फिर माओवादियों के सामने बातचीत का प्रस्ताव रखा है. लालगढ़ के दौरे पर पहुंचे चिदंबरम ने माओवादियों को डरपोक क़रार देते हुए कहा कि अगर माओवादी विकास चाहते हैं तो उन्हें जंगलों से निकल कर बातचीत करनी चाहिए.

चिदंबरम ने लालगढ़ के आसपास के इलाक़ों से केंद्रीय सुरक्षा बलों को वापस ले जाने की संभावना से इंकार किया है.

गृहमंत्री ने कहा कि मैंने माओवादियों से कहा कि हम दुनिया की किसी भी चीज पर बात कर सकते हैं, लेकिन उन्हें हिंसा छोड़नी चाहिए.

चिदंबरम ने नक्सलियों को कायरों की संज्ञा दी, जो जंगलों में छिपे हुए हैं. उन्होंने नक्सलियों की आलोचना करते हुए कहा कि वे पीपुल्स कमेटी अगेंस्ट पुलिस एट्रोसिटीज (पीसीपीए) की आड़ में अपनी गतिविधियां चला रहे हैं. चिदंबरम ने कहा कि हम नक्सलियों के खिलाफ सैन्य कार्रवाई का विचार नहीं कर रहे. नक्सलियों से मुकाबला करने के लिए केवल प्रदेश पुलिस, प्रदेश सशस्त्र पुलिस और अर्धसैनिक बलों को तैनात किया जाएगा.

चिदंबरम ने कहा कि हमने उन्हें वार्ता के लिए न्यौता दिया, लेकिन इसके पहले वे हिंसा छोड़ें. अगर वे वास्तव में विकास चाहते हैं, अगर वे वास्तव में लोगों की समस्याएं सुलझाना चाहते हैं, तो उनका वार्ता के लिए स्वागत है.

[an error occurred while processing this directive]
 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in