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नक्सलियों के निशाने पर रहे हैं पुलिस जवान

नक्सलियों के निशाने पर रहे हैं पुलिस जवान

रायपुर. 6 अप्रैल 2010


छत्तीसगढ़ में 6 अप्रैल को हुए अब तक के सबसे बड़े नक्सली हमले से पहले भी नक्सली बड़ी संख्या में पुलिस बल को निशाना बनाते रहे हैं. पिछले साल 12 जुलाई 2009 को राज्य के राजनांदगांव के मदनवाड़ा में एसपी समेत 36 जवानों को इसी तरह घेर कर नक्सलियों ने मार डाला था. इससे पहले 15 मार्च 2007 को माओवादी विद्रोहियों ने छत्तीसगढ़ के रानी बोदली गांव में छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल के 16 अफसरों और 39 स्पेशल पुलिस अफसरों को मार डाला.

पिछले दो सालों के बड़े नक्सली हमले

29 जून 2008: उड़ीसा के बालीमेला जलाशय में 4 नक्सल निरोधी पुलिस अधिकारी और 60 ग्रेहाउंड कमांडो को ले जा रही एक नौका पर माओवादियों का हमला. 38 जवान शहीद.

16 जुलाई: उड़ीसा के मलकानगिरि जिले में बररूदी सुरंग विस्फोट में एक पुलिस वैन के उड़ाए जाने से 21 पुलिसकर्मियों की मौत.

13 अप्रैल, 2009: माओवादियों ने पूर्वी उड़ीसा के कोरापुत जिले में एक बॉक्साइट की खदान पर हमला किया. हमले में अर्धसैनिक बल के दस जवान शहीद.

15 अप्रैल: पश्चिम बंगाल के मिदनापुर जिले में माओवादियों ने पूर्वी सीमांत राइफल्स के सिलदा स्थित कैंप पर हमला किया. हमले में 24 जवान शहीद.

22 अप्रैल: माओवादियों ने झारखंड में 300 यात्रियों को लेकर जा रही ट्रेन का अपहरण किया, उसे लातेहार जिले तक ले गए और वहाँ से फरार हो गए.

22 मई: महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले के जंगल में माओवादियों ने 16 पुलिसकर्मियों की हत्या कर दी.

10 जून: झारखंड के सरंडा जंगल में नक्सलवादियों ने गश्त पर निकले नौ पुलिसकर्मियों और सीआरपीएफ के जवानों पर घात लगाकर हमला किया.

13 जून: बोकारो के पास एक छोटे कस्बे में नक्सलियों ने बारूदी सुरंग विस्फोट और बम से हमला किया, जिसमें 10 पुलिसकर्मी मारे गए और कई अन्य घायल हुए.

16 जून: माओवादियों के बारूदी सुरंग हमले में 11 पुलिस अधिकारियों की मौत. एक अन्य घटना में पलामू जिले के बेहेराखंड में माओवादियों ने घात लगाकर हमला किया, जिसमें चार पुलिसकर्मी मारे गए और दो अन्य गंभीर रूप से घायल.

23 जून: मोटरसाइकिल सवार सशस्त्र नक्सलियों के गिरोह ने बिहार की लखीसराय जिला अदालत में गोलीबारी कर अपने चार साथियों को छुड़ा लिया. इनमें रांची का स्वयंभू जोनल कमांडर शामिल.

18 जुलाई, 2009: नक्सलियों ने बस्तर जिले में एक ग्रामीण की हत्या कर दी और बीजापुर जिले में सड़क निर्माण कार्य में लगा एक वाहन फूँका.

23 जुलाई: गढ़चिरौली जिले के एट्टापल्ली तालुका में आदिवासियों ने 40 वर्षीय आदिवासी को मार डाला.

27 जुलाई: छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में नक्सलियों ने बारूदी सुरंग में विस्फोट कर छह व्यक्तियों की जान ली.

31 जुलाई: बीजापुर जिले में एक विशेष पुलिस अधिकारी और एक अन्य व्यक्तियों की नक्सलियों ने हत्या कर दी.

4 सितंबर: नक्सलियों ने छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के आदेद गांव के जंगल में चार ग्रामीणों की हत्या कर दी.

26 सितंबर: नक्सलियों ने छत्तीसगढ़ में जगदलपुर के पैरागुड़ा गाँव में बालाघाट के भाजपा सांसद बलिराम कश्यप के बेटे की हत्या कर दी.

30 सितंबर: गढ़चिरौली जिले में नक्सलियों ने कोरची और बेलगाँव के ग्राम पंचायत कार्यालयों में आग लगा दी.

8 अक्टूबर: महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले के लाहेरी पुलिस थाना पर माओवादियों के हमले में 17 पुलिसकर्मियों की मौत.

4 अप्रैल, 2010: उड़ीसा के कोरापुट जिले में माओवादियों ने बारुदी सुरंग विस्फोट में किया, विशेष नक्सल विरोधी बल विशेष कार्रवाई समूह (एसओजी) के 11 जवानों की मौत.

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