पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
  पहला पन्ना > > Print | Share This  

आप नहीं कराएगी अपने नेताओं की जाँच

आप नहीं कराएगी अपने नेताओं की जाँच

नई दिल्ली. 21 अप्रैल 2015
 

madhu koda

आम आदमी पार्टी (आप) ने पार्टी महासचिव पंकज गुप्ता तथा आशीष खेतान पर पार्टी से निष्कासित नेता प्रशांत भूषण द्वारा लगाए गए आरोपों को निराधार बताते हुए उनके खिलाफ कोई भी जांच कराने से इंकार कर दिया है. आप के प्रवक्ता आशुतोष ने राष्ट्रीय राजधानी में कहा, "पंकज गुप्ता व आशीष खेतान के खिलाफ कोई जांच नहीं होगी, क्योंकि उनपर लगे आरोप निराधार और बेबुनियाद हैं."

उल्लेखनीय है कि प्रशांत ने आप के महासचिव पंकज गुप्ता पर एक फर्जी कंपनी से दो करोड़ रुपये चंदा लेने तथा आशीष खेतान पर 2जी घोटाले में शामिल एक दूरसंचार कंपनी के पक्ष में पैसे लेकर एक राष्ट्रीय पत्रिका में एक फर्जी खबर बनाने का आरोप लगाया है.

आशुतोष ने कहा, "उन्होंने राजनीतिक मामलों की समिति (पीएसी), राष्ट्रीय कार्यकारिणी तथा राष्ट्रीय परिषद का अपमान किया है, जिनका वे हिस्सा थे. उनमें थोड़ी भी शर्म होनी चाहिए. उन्हें अब लोकतंत्र के बारे में बातचीत नहीं करनी चाहिए."

इसी बीच, अपने खिलाफ भूषण के आरोपों पर आशीष खेतान ने कहा कि उनके द्वारा लगाए आरोप निराधार हैं और कहा कि यदि वे इसे साबित कर दें, तो वह सार्वजनिक जीवन से संन्यास ले लेंगे. खेतान ने संवाददाताओं से कहा, "यदि शांति भूषण या प्रशांत भूषण मेरे खिलाफ आरोपों के संदर्भ में कोई सबूत पेश करें, तो मैं सार्वजनिक जीवन से संन्यास ले लूंगा."

प्रक्रिया के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए राष्ट्रीय अनुशासन समिति के एक सदस्य दिनेश वाघेला ने कहा कि समिति ने सभी बागी नेताओं के जवाबों को अच्छी तरह से देखा है. उन्होंने कहा, "हमने पाया है कि प्रशांत भूषण, आनंद कुमार, योगेंद्र यादव तथा अजीत झा पार्टी विरोधी गतिविधियों में लिप्त रहे हैं. हमने चारों बागी नेताओं को पार्टी से बाहर निकालने के लिए एकमत से फैसला लिया है."

वाघेला ने कहा, "इस संबंध में सोमवार रात चारों निष्कासित नेताओं को एक ई-मेल भेज दिया गया. यदि उन्हें यह नहीं मिला, तो हम उन्हें निष्कासन पत्र की कॉपी दोबारा भेजेंगे."
 


इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   


 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in