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एनआरएचएम घोटाले में मायावती से पूछताछ

एनआरएचएम घोटाले में मायावती से पूछताछ

लखनऊ. 2 अक्टूबर 2015
 

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केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन (एनआरएचएम) घोटाले के संबंध में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती से पूछताछ की. सूत्रों ने कहा कि सीबीआई अधिकारियों ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती से उनके मध्य दिल्ली स्थित आवास पर करीब दो घंटे तक पूछताछ की. एनआरएचएम स्वास्थ्य योजना के क्रियान्वयन में कोष में गबन को लेकर उनसे पूछताछ की गई. मायावती प्रदेश में 2007 से लेकर 2012 तक मुख्यमंत्री थीं और इसी दौरान यह घोटाला हुआ था.

सीबीआई सूत्र ने कहा, "मायावती से एनआरएचएम में 10,000 करोड़ रुपये घोटाले के संबंध में पूछताछ की गई." सूत्र ने कहा कि सीबीआई ने मायावती को पिछले महीने ही पूछताछ के लिए सम्मन भेजा था.

सूत्र ने कहा, "मायावती से एनआरएचएम के अधीन कुछ योजनाओं में कोष वितरण को लेकर स्पष्टीकरण देने को कहा गया था. इस घोटाले में तत्कालीन प्रधान स्वास्थ्य सचिव प्रदीप शुक्ला को भी आरोपी बनाया गया है."

इस मामले में कई राजनीतिज्ञ, सरकारी अधिकारी और अन्य लोग लिप्त रहे हैं. बसपा सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे बाबू सिंह कुशवाहा को तीन मार्च, 2012 को गिरफ्तार किया गया था और वह इस वक्त भी जेल में हैं.  सीबीआई ने इस मामले में 74 प्राथमिकी दर्ज की है, जिसमें से 48 में उसने आरोपपत्र पेश कर दिया है.

इस घोटाले में अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है. ऐसा भी कहा जा रहा है कि राज उजागर न हो इसके लिए इन लोगों की हत्या की गई है.

एनआरएचएम मामला 2010 में उजागर हुआ था. इसके अंतर्गत 2005 से लेकर 2011 के बीच उत्तर प्रदेश सरकार को 10,000 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे. इस कोष का उपयोग प्रदेश के 72 मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और अन्य नोडल अधिकारियों द्वारा किया जाना था.  इलाहाबाद उच्च न्यायालय की लखनऊ पीठ ने 2011 में इस मामले की सीबीआई जांच का आदेश दिया था.