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कॉमनवेल्थ खेल घोटालों की जांच के आदेश

कॉमनवेल्थ खेल घोटालों की जांच के आदेश

नई दिल्ली. 16 अक्टूबर 2010


भारत में हुये कॉमनवेल्थ खेलों की समाप्ति के साथ ही इसमें हुए घोटालों की जांच के लिए सरकार ने नई जांच समिति गठित कर दी है. सीबीआई, ईडी व कैग समेत कई जांच एजेंसिंया पहले ही जांच में जुटी हुई है.

सूत्रों के मुताबिक तथा पूर्व सीएजी वीके शुंगलु को जांच समिति का मुखिया बनाया गया है. बताया जा रहा है कि यह समिति तीन माह के भीतर अपनी रिपोर्ट दे देगी. खेलों से जुड़े हर पहलू की समिति जांच करेगी. इसके अलावा नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) जल्द ही कॉमनवेल्थ गेम्स में हुए खर्चे की जांच शुरू कर देगा. सूत्रों के मुताबिक कैग अगले साल जनवरी तक अपनी रिपोर्ट पूरी कर देगा और फरवरी में बजट सत्र में रिपोर्ट संसद में रखे जाने की संभावना है.

इसके पहले नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक ने इससे पहले भी अपनी अंतरिम रिपोर्ट में अनेक तरह की ख़ामियों पर सवाल उठाए थे और अगस्त में प्रधानमंत्री कार्यालय और खेल मंत्रालय को मूल्यांकन रिपोर्ट सौंपी थी.

राष्ट्रमंडल खेलों के आयोजन में ठेकों में भाई-भतीजावाद, उपकरणों को किराए पर लेने के लिए ऊँचा मूल्य देने जैसे भ्रष्टाचार के आरोप लगते रहे हैं.

उल्लेखनीय है कि कैग ने अगस्त में अपनी जांच शुरू कर दी थी लेकिन मध्य सितंबर में इसे रोक दिया गया था. कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए की गई तैयारियों के दौरान कई वित्तीय गड़बडियां सामने आई थी. इसको लेकर राष्ट्रमंडल खेलों की आयोजन समिति के अध्यक्ष सुरेश कलमाड़ी और उनके साथियों पर सवाल उठे थे.


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