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स्पेक्ट्रम के आरोपी राजा की छुट्टी होगी

स्पेक्ट्रम के आरोपी राजा की छुट्टी होगी

नई दिल्ली. 11 नवंबर 2010


2 जी स्पेक्ट्रम मामले में सरकार को एक लाख 76 हजार करोड़ रूपए से अधिक का चूना लगाने वाले केन्द्रीय दूरसंचार मंत्री ए. राजा की भी जल्दी छुट्टी हो सकती है. अनुमान लगाया जा रहा है कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के शिखर सम्मेलन से लौटते ही इस मामले में कार्रवाई की जायेगी.

राजनीतिक दबाव के कारण अब तक भ्रष्टाचार के आरोपी ए राजा को झेलने वाली मनमोहन सिंह सरकार ने हाल ही में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण और खेल मंत्री सुरेश कलमाड़ी की छुट्टी की है. बुधवार को नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक यानी कैग की ओर इस मामले की रिपोर्ट सरकार को सौंपी गयी है. बुधवार को राजा को हटाने की मांग को लेकर संसद में भारी हंगामा होता रहा.

तमिलनाडु की पूर्व मुख्यमंत्री और एआईएडीएमके की प्रमुख जे. जयललिता ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भ्रष्टाचार को लेकर शशि थरूर, अशोक चव्हाण और सुरेश कलमाड़ी को नहीं बख्शा गया तो फिर राजा के साथ कड़ी कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है. समूचे विपक्ष ने राजा को मंत्रिमंडल से बर्खास्त करने की मांग पर भारी हंगामा व नारेबाजी की जिसके बाद संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी.

कांग्रेस गठबंधन के सहयोगी दल डीएमके के कोटे से मंत्री बने ए राजा पर आरोप है कि इस भ्रष्टाचार के आरोपी मंत्री ने वर्ष 2008 में 2जी स्पेक्ट्रम का आवंटन बाजार से सस्ते दर पर किया, जिससे सरकार को एक लाख 76 हजार करोड़ रूपए का नुकसान हुआ. स्पेक्ट्रम आवंटन में राजा ने वित्त एवं कानून मंत्रालयों और भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण ट्राई के सलाहों की भी अनदेखी की. इस मामले में भारी लेन-देन का अनुमान लगाया गया है.

अनुमान है कि सदन के पटल पर नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक की रिपोर्ट रखे जाने से पहले ही सरकार राजा को हटा कर अपने को पाक साफ बताने की कोशिश कर सकती है. राजा को हटाने का काम मनमोहन सिंह के सियोल दौरे से वापसी के तत्काल बाद किया जा सकता है.


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