पहला पन्ना प्रतिक्रिया   Font Download   हमसे जुड़ें RSS Contact
larger
smaller
reset

इस अंक में

 

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

सवाल विकास की समझ का

प्रतिरोध के वक्ती सवालों से अलग

गरीबी उन्मूलन के नाम पर मज़ाक

जनमत की बात करिये सरकार

नेपाल पर भारत की चुप्पी

लोहिया काल यानी संसद का स्वर्णिम काल

स्मार्ट विलेज कब स्मार्ट बनेंगे

पाकिस्तान आंदोलन पर नई रोशनी

नर्मदा आंदोलन का मतलब

क्यों बढ़ रहा भूख का आंकड़ा

हमारे कुलभूषण को छोड़ दो

भारत व अमेरिका में केमिकल लोचा

युद्ध के विरुद्ध

किसके साथ किसका विकास

क्या बदल रहा है हिन्दू धर्म का चेहरा?

मोदी, अमेरिका और खेती के सवाल

 
  पहला पन्ना >मुद्दा >अयोध्या Print | Share This  

अयोध्या फैसले के खिलाफ हिंदू महासभा सुप्रीम कोर्ट में

अयोध्या फैसले के खिलाफ हिंदू महासभा सुप्रीम कोर्ट में

नई दिल्ली. 23 दिसंबर 2010


अखिल भारतीय हिंदू महासभा ने अयोध्या की विवादित जमीन के मामले मे इलाहाबाद हाईकोर्ट द्वारा दिए गए फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है. बुधवार को महासभा के अध्यक्ष स्वामी चक्रपाणि ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी. इससे पहले इस मामले के दो अन्य पक्ष सुन्नी वक्फ बोर्ड और जमाते उलेमा-ए-हिन्द ने भी शीर्ष न्यायालय के दरवाजे खटखटाए थे.

उल्लेखनीय है कि इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने अपने फैसले में विवादित जमीन का एक तिहाई हिस्सा मुस्लिमों, एक तिहाई राम लला विराजमान तथा एक तिहाई निर्मोही अख़ाडा को दिया था. अखिल भारतीय हिंदू महासभा ने अपनी याचिका में अनुरोध किया है कि सुप्रीम कोर्ट 30 सितंबर को जस्टिस धर्मवीर द्वारा दिए गए अल्पमत फैसले का अनुमोदन करे.

गौरतलब है कि जस्टिस धर्मवीर ने अपने फैसले में पूरी भूमि हिंदुओं को सौंपने की बात कही थी. वहीं इस मामले के दो अन्य जजों जस्टिस एसयू खान और जस्टिस सुधीर अग्रवाल ने दो तिहाई भूमि हिंदुओं को देने और बाकी एक तिहाई भूमि मुसलमानों को देने की बात कही थी. अब अखिल भारतीय हिंदू महासभा ने दर्ज याचिका में कहा है कि जस्टिस एसयू खान और जस्टिस सुधीर द्वारा दिए गए 30 सितंबर, 2010 के फैसले को दरकिनार करे.

 


इस समाचार / लेख पर अपनी प्रतिक्रिया हमें प्रेषित करें

  ई-मेल ई-मेल अन्य विजिटर्स को दिखाई दे । ना दिखाई दे ।
  नाम       स्थान   
  प्रतिक्रिया
   


 
  ▪ हमारे बारे में   ▪ विज्ञापन   |  ▪ उपयोग की शर्तें
2009-10 Raviwar Media Pvt. Ltd., INDIA. feedback@raviwar.com  Powered by Medialab.in